ग्राम संगठन किसे कहते हैं

 ग्राम संगठन किसे कहते हैं

राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन में जुड़े सभी स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को यह जानकारी हम दे दे कि अगर आप सभी समूह की महिलाओं के गांव में 8 से अधिक समूह है तब आप सभी स्वयं सहायता समूह की महिलाओं में ग्राम संगठन बनाए जाते हैं ग्राम संगठन के बारे में आज हम आप लोगों को संपूर्ण जानकारी देने जा रहे हैं आइए जानते हैं विस्तार से

ग्राम संगठन की परिभाषा गाँव में रहने वाले सभी समूह मिलकर बनाए हुए संस्था को ग्राम संगठन कहते है।

ग्राम संगठन की आवश्यकताएं क्या-क्या है  

  • गाँव में रहने वाले स्वयं सहायता समूहों को प्रशिक्षण देकर मजबूत करने केलिए। 
  • गाँव में रहने वाले स्वयं सहायता समूहों का काम काज मासिक प्रतिवेदन के आधार से समीक्षा करके ग्रेडिंग देने के लिए।
  • गाँव में रहने वाले समूहों को आर्थिक सहायता पाने के लिए। गाँव में रहने वाले गरीब समूहों के बीच में एकता लाने के लिए।
  • गाँव में बचे हुए गरीब महिलाओं को समूह में जोड़ने के लिए।
  •  गाँव की समस्याएँ सामाजिक समस्याएँ हल करने के लिए। 
  •  सरकारी योजना सदस्यों को पाने के लिए।
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  • गाँव में रहने वाले स्वयं सहायता समूहों को प्रशिक्षण देकर मजबूत करने केलिए।
  • गाँव में रहने वाले स्वयं सहायता समूहों का काम काज मासिक प्रतिवेदन के आधार से समीक्षा करके ग्रेडिंग देने के लिए।
  • गाँव में रहने वाले समूहों को आर्थिक सहायता पाने के लिए। गाँव में रहने वाले गरीब समूहों के बीच में एकता लाने के लिए।
  • गाँव में बचे हुए गरीब महिलाओं को समूह में जोड़ने के लिए।
  •  गाँव की समस्याएँ सामाजिक समस्याएँ हल करने के लिए।
  •  सरकारी योजना सदस्यों को पाने के लिए।

 

ग्राम संगठन में दो प्रकार का बैठक चलता है।

1. आम सभा बैठक

2. कार्यकारिणी समिति बैठक

ग्राम संगठन की सेवाएं क्या-क्या है 

 ग्राम संगठन से चार प्रकार की सेवाएं मिलते है

  1. समीक्षा और प्रशिक्षण सेवाएँ
ग्राम संगठन हर महीना EC बैठक में मासिक प्रतिवेदन आधार से समूह का काम काज समीक्षा करके ग्रेडिंग देते हैं। कमजोर समूहों को प्रशिक्षण देते हैं।

 2.आर्थिक सहायता सेवाएं 

स्वयं सहायता समूहों को चक्रीय निधि सामुदायिक निवेष कोष तथा बैंक ऋणपाने के लिए एक पुल जैसा काम करते हैं।
उदाहरण-ग्राम संगठन समूह को CLF से CIF पाने के लिए और बैंक से ऋण के लिए एक पुल जैसा काम करते हैं। 

 3. सरकारी सेवाएं

 ग्राम संगठन समूह सदस्यों को सरकारी योजना पाने के लिए मदद करता है। जैसे ग्राम संगठन, पेंशन, नरेगा बिरसा आवास योजना, जल, छाजन, बीमा योजनाएँ आदि।

4. सामाजिक समस्या पर सेवाएं और गांव की समस्याए

 बिजली, पानी समस्या, सड़क समस्या पाठपाला की समस्या व्यक्तिगत शौचालय, लड़की की पढ़ाई बाल श्रमिक बाल विवाह अधिक संतान, बुरी आदत आदि समस्याओं को रोकने के लिए ग्राम संगठन मदद करता हैं।

ग्राम संगठन का निर्माण कैसे होता है

गांव में रहने वाले समूह ग्राम संगठन के सदस्य होते हैं।

1. आम सभा (General Boly-GB) :

ग्राम संगठन में सदस्य हुए समूहों का सभी सदस्य मिलकर चलाने वाले सभा को आम सभा कहते है।आम सभा का बैठक तीन महीने में एक बार आयोजित किया जाता है।

2 कार्यकारिणी समिति (Executive Committee-EC]

• ग्राम संगठन में सदस्य हुए सभी समूहों के अध्यक्ष और सचिव मिलकर करने वाले बैठक को कार्यकारिणी समिति EC कहते है।

• कार्यकारिणी समिति का बैठक महीने में एक बार चलाते है।

3. पदाधिकारियों (Office Bearers OB) :

 सभी EC सदस्य मिलकर तीन पदाधिकारियों को (अध्यक्ष/सचिव / कोषाध्यक्ष) चयन करते है ये पदाधिकारी दो साल तक नियुक्त रहते हैं।

ग्राम संगठन में E.C सदस्य कौन कौन होती हैं

ग्राम संगठन में प्रत्येक समूह की अध्यक्ष सचिव और कोषाध्यक्ष E.C सदस्य होती हैं

ग्राम संगठन में E.C बैठक करने का तरीका क्या-क्या है   

1. ग्राम संगठन E.C बैठक महिना में एक बार चलता है।

2. ग्राम संगठन के पदाधिकारियों V.O.A बैठक को 30 मिनट पहले ही उपस्थित होकर बैठक व्यवस्था देखना चाहिए।

3. E.C बैठक में हर समूह से दो पदाधिकारी उपस्थिती होना चाहिए।

4. सभी सदस्य चर्चा करके एजेण्डा तैयार करके, एजेण्डा के अनुसार बैठक चलाना चाहिए।

5. बैठक में उपस्थित न होने वाले सदस्यों को देर से आये सदस्यों को ऋण मुगतान न करने वाले समूहों के ऊपर दंड लगा के वसूल करना चाहिए।

6. बचत, उधार, भुगतान किए गए समूहों को V.D.A. रसीद लिखकर कोषाध्याक्ष से हस्ताक्षर करवाके और समूह के पास पुस्तक में लिखकर देना चाहिए।

7. बैठक के अंत में VDA सारे कार्यवाही को पढ़कर सुनाने के बाद उपस्थित हुए EC सदस्यों से हस्ताक्षर करवाना चाहिए।

ग्राम संगठन में E.C बैठक में बैठने का तरीका

• ग्राम संगठन के E.C. बैठक में आगे बीच अध्यक्ष बैठना चाहिए। अध्यक्ष के दाएं तरफ सचिव और बायें तरफ कोषाध्यक्ष बैठना चाहिए।

• कोषाध्यक्ष के नजदीक में ग्राम संगठन की सहायिका को बैठना चाहिए।

• पालक वर्ग के आगे U अकार में EC सदस्यों को बैठना चाहिए।

• EC सदस्यों के पीछे दाएं तरफ CLF उपसिमिति का सदस्य, CLF कर्मचारी बैठना चाहिए बाए तरफ सदस्यों को बैठना चाहिए।

आप सभी समूह की महिलाओं को बता दें कि अगर आप सभी महिलाएं अपने समूह में जुड़े हुए हैं और आप लोग अपने ग्राम संगठन के पुस्तक से जुड़ी किसी भी प्रकार की जानकारी प्राप्त करना चाहती हैं या पुस्तक से किसी भी प्रकार की कोई भी त्रुटि है तब आप सभी महिलाएं हमें कमेंट कर सकते हैं आप लोगों को बता दें कि समूह और ग्राम संगठन और कलस्टर से जुड़ी सभी प्रकार की जानकारी प्राप्त करने के लिए आप सभी महिलाएं हमें कमेंट कर सकती हैं



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